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Devasya International School केस स्टडी

स्कूल परिसर से बच्चे के अपहरण का प्रयास और सुरक्षा सतर्कता

School Safety

1. केस का सार

यह केस स्टडी अहमदाबाद स्थित Devasya International School में घटित एक गंभीर अपहरण प्रयास से संबंधित है। कक्षा 1 के छात्र को फर्जी अभिभावक बनाकर ले जाने का प्रयास किया गया। शिक्षक की सतर्कता और सुरक्षा गार्ड की समय पर कार्रवाई से घटना रोकी गई। यह केस स्कूल सुरक्षा, SOP और टीमवर्क के महत्व को दर्शाता है।

2. पृष्ठभूमि

स्कूल में यह नियम है कि किसी भी छात्र को केवल माता-पिता या अधिकृत व्यक्ति को ही सौंपा जाएगा। छुट्टी के समय गेट पर भीड़ अधिक रहती है, जिससे जोखिम बढ़ जाता है। इसी परिस्थिति का लाभ उठाकर किडनैपर्स ने योजना बनाई।

3. घटना का विवरण

12:40 बजे एक अज्ञात व्यक्ति स्कूल के मुख्य गेट पर आया और खुद को बच्चे के माता-पिता का पड़ोसी बताया। उसने कहा कि माता-पिता किसी आपात कारण से नहीं आ सके। सुरक्षा गार्ड ने पहचान की गहन जाँच नहीं की और बच्चा गेट के बाहर पहुंचा, जहाँ कार में तीन अन्य लोग मौजूद थे।

छात्र की कक्षा-शिक्षिका ने तुरंत संदेह किया क्योंकि रिकॉर्ड में कोई वैकल्पिक जानकारी नहीं थी। शिक्षिका ने गार्ड को सूचना दी और बच्चे को सौंपने की प्रक्रिया रोकने को कहा।

सुरक्षा गार्ड ने तुरंत अलार्म बजाया, गेट को नियंत्रित किया और वाहन पर ध्यान केंद्रित किया। किडनैपर्स घबराकर वाहन लेकर भाग गए, लेकिन सुरक्षा गार्ड ने कार नंबर नोट कर लिया।

4. घटना का समय-क्रम

समयघटना
12:30 बजेस्कूल छुट्टी
12:40 बजेफर्जी व्यक्ति द्वारा बच्चे को ले जाने का प्रयास
12:42 बजेशिक्षक को संदेह हुआ
12:43 बजेसुरक्षा गार्ड को सूचना दी गई
12:44 बजेआपात अलार्म सक्रिय
12:45 बजेपुलिस को सूचना दी गई

5. सुरक्षा गार्ड और शिक्षक की भूमिका

सुरक्षा गार्ड ने SOP के अनुसार तुरंत अलार्म बजाया, गेट नियंत्रण किया, वाहन नंबर नोट किया और पुलिस को सूचना दी। शिक्षक ने पहचान पर संदेह किया और तुरंत गार्ड को जानकारी दी। यह टीमवर्क और सतर्कता की महत्ता को दर्शाता है।

6. पुलिस कार्रवाई और परिणाम

पुलिस को वाहन नंबर और घटना का समय बताया गया। CCTV और वाहन नंबर के आधार पर आरोपियों को पकड़ा गया और बच्चा सुरक्षित पाया गया। घटना का प्रयास विफल रहा। स्कूल ने सुरक्षा समीक्षा की और सुधारात्मक उपाय लागू किए।

7. सुधारात्मक उपाय

  • डिजिटल हैंडओवर सिस्टम लागू करना
  • शिक्षक और गार्ड का संयुक्त प्रशिक्षण
  • नियमित मॉक ड्रिल
  • अभिभावक जागरूकता कार्यक्रम

8. सीख

बिना अनुमति बच्चे को न सौंपें। शिक्षक और सुरक्षा गार्ड का तालमेल आवश्यक। छोटी सतर्कता बड़ी घटना रोक सकती है।

9. MCQ / क्विज़

Q1. यह केस स्टडी किस स्कूल से संबंधित है?

A) Delhi Public School
B) Devasya International School
C) Kendriya Vidyalaya
D) St. Xavier’s School

Q2. घटना किस कक्षा के छात्र से जुड़ी है?

A) Std 5
B) Std 3
C) Std 1
D) Std 8

Q3. किडनैपर ने स्वयं को क्या बताया?

A) रिश्तेदार
B) ड्राइवर
C) पड़ोसी
D) शिक्षक

Q4. सबसे पहले किसे संदेह हुआ?

A) प्रिंसिपल
B) सुरक्षा गार्ड
C) शिक्षक
D) पुलिस

Q5. सुरक्षा गार्ड ने कौन-सी महत्वपूर्ण जानकारी नोट की?

A) बच्चे का नाम
B) स्कूल का नाम
C) वाहन नंबर
D) अभिभावक का मोबाइल नंबर

Q6. घटना के समय गेट पर क्या स्थिति थी?

A) गेट बंद था
B) कोई मौजूद नहीं था
C) भीड़ अधिक थी
D) गार्ड मौजूद नहीं था

Q7. आपात स्थिति में क्या सक्रिय किया गया?

A) फायर अलार्म
B) स्कूल सुरक्षा अलार्म
C) घंटी
D) CCTV बंद किया गया

Q8. पुलिस कार्रवाई किस आधार पर शुरू हुई?

A) शिक्षक के बयान पर
B) छात्र के बयान पर
C) वाहन नंबर के आधार पर
D) अभिभावक की शिकायत पर

Q9. इस केस से मुख्य सीख क्या मिलती है?

A) छुट्टी जल्दी देनी चाहिए
B) बिना अनुमति बच्चा नहीं सौंपना चाहिए
C) गेट हमेशा बंद रखना चाहिए
D) कैमरे हटाने चाहिए

Q10. यह केस स्टडी मुख्य रूप से किसके लिए उपयोगी है?

A) छात्रों के लिए
B) अभिभावकों के लिए
C) सुरक्षा गार्ड और स्कूल स्टाफ के लिए
D) ड्राइवरों के लिए